ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने पर ही देश और राज्य में आर्थिक सुधार और बुनियादी बदलाव संभव— भूपेश बघेल

नई दिल्ली। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने कहा कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने पर ही देश और राज्य में आर्थिक सुधार और बुनियादी बदलाव हो सकते हैं। इस दौरान उन्होंने ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर जोर दिया है। श्री बघेल आज नई दिल्ली में आयोजित 7वें इंडियन इकोनॉमिक कॉन्क्लेव में शामिल हुये, जहां उन्होंने देश की अर्थव्यवस्था को सुधारने के लिए आम लोगों को आर्थिक रूप से सक्षम करने की बात कही। कॉन्क्लेव में देश भर से आए गणमान्य लोग भी उपस्थित रहे।

इकोनॉमिक कॉन्क्लेव में श्री बघेल ने कहा कि ग्रामीण विकास पर आधारित योजनाओं से छत्तीसगढ़ के गांवों में सवा दो सालों में ही बड़ा बदलाव दिख रहा है। श्री बघेल ने कहा कि सरकार गठन के साथ ही हमने छत्तीसगढ़ के आर्थिक विकास के लिए एक रोड मैप तैयार किया। जिसके तहत सबसे पहले किसानों का ऋण माफ किया, 25 सौ क्विंटल में धान खरीदी की, आदान सहायता के रूप में 5 हजार करोड़ की राशि दी, समर्थन मूल्य पर वनोपज की खरीदी की गयी, मनरेगा के तहत रोजगार उपलब्ध कराए, जिससे किसानों, गरीब और मजदूरों की आर्थिक स्थिति में सुधार हुआ है।
श्री बघेल ने एक सवाल के जवाब में कहा कि आने वाले वर्षों में छत्तीसगढ़ का देश की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण  योगदान होगा। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को फोकस कर विकास के मार्ग पर अग्रसर है।
विभिन्न योजनाओं के माध्यम से गावों में रोजगार के अवसर बढ़ा रही है। कोर सैक्टर के अलावा ग्रामोद्योग को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने कहा छत्तीसगढ़ सरकार रोजगार के साथ ही स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में भी महत्वपूर्ण कार्य कर रही है।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने बताया कि कोरोना से उत्पन्न आर्थिक संकट के काल में भी छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था गतिशील बनी रही। इस दौरान आटोमोबाइल सैक्टर में तेजी, जीएसटी संग्रहण में बढ़ोतरी, सर्वाधिक वनोपज की खरीदी की गयी। 

Share This Post:-
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *