कोविड–19 के कारण लॉकडाउन प्रतिबंधों व अन्य चुनौतियों के बावजूद पावरग्रिड ने प्रतिष्ठित 6000 मेगावाट की रायगढ़-पुगलुर एचवीडीसी प्रणाली के बाईपोल-I के पोल-1 की शुरुआत की

दिल्ली।विद्युत मंत्रालय के तहत एक ‘महारत्न’ कंपनी, पावर ग्रिड कॉरपोरेशन ऑफ़ इंडिया लिमिटेड (पावरग्रिड) और देश के ‘केन्द्रीय पारेषण यूटिलिटी (सीटीयू)’ ने वित्त वर्ष 21 की दूसरी तिमाही के लिए समेकित आधार पर कर पश्चात लाभ (पीएटी) के रूप में 3,094 करोड़ रुपये और कुल आय के रूप में 9,831 करोड़ रुपये अर्जित किये हैं। व्यक्तिगत आधार पर, कंपनी के लिए वित्त वर्ष 21 की दूसरी तिमाही में पीएटी और कुल आय क्रमशः 3,117 करोड़ और 9,890 करोड़ रुपये रही है और इस प्रकार कम्पनी ने वित्त वर्ष 20 की समान अवधि की तुलना में क्रमशः 23 प्रतिशत और 8 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की है।
छह महीने की अवधि (वित्त वर्ष 21 की पहली छमाही) के लिए, समेकित आधार पर पीएटी और कुल आय क्रमशः 5,142 करोड़ रुपये और 19,648 करोड़ रुपये रही, जो वित्त वर्ष 20 की समान अवधि की तुलना में लगभग 1 प्रतिशत और 6 प्रतिशत अधिक है, जबकि व्यक्तिगत आधार पर, पीएटी और कुल आय क्रमशः 5,097 करोड़ रुपये और 19,511 करोड़ रुपये रही और इसमें  क्रमशः 3 प्रतिशत और 6 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।
वित्त वर्ष 21 की दूसरी तिमाही के दौरान समेकित आधार पर कंपनी ने पूंजीगत व्यय के रूप में लगभग 3,100 करोड़ रुपये और पूंजीगत परिसंपत्तियों के लिए 10,693 करोड़ रुपये (एफईआरवी को छोड़कर) खर्च किये।
तिमाही के दौरान, कोविड–19 के कारण लॉकडाउन प्रतिबंधों व अन्य चुनौतियों के बावजूद पावरग्रिड ने प्रतिष्ठित 6000 मेगावाट की रायगढ़-पुगलुर एचवीडीसी प्रणाली के बाईपोल-I के पोल-1 की शुरुआत की। इसके साथ ही कंपनी ने पांच राज्यों से होकर गुजरने वाली 1765 किमी लम्बी ±800 केवी रायगढ़-पुगलुर एचवीडीसी पारेषण लाइन, 400 केवी डी/सी पुगलुर-अरासुर और 400 केवी डी/ सी पुगलुर-पुगलुर पारेषण लाइनों की भी शुरुआत की। इन परियोजनाओं से पश्चिमी क्षेत्र से दक्षिणी क्षेत्र तक 1500 मेगावाट बिजली के प्रवाह की सुविधा प्राप्त होगी, जिससे विश्वसनीय और गुणवत्तापूर्ण बिजली की आपूर्ति सुनिश्चित होगी।
इस तिमाही के दौरान प्रारंभ की गई अन्य परियोजनाएं हैं – 400 केवी डी/सी एनएनटीपीएस-अरियालुर टीएल, 400 केवी डी/सी बनासकांठा–राधानेसदा  टीएल और पावरग्रिड के सबस्टेशन- गोरखपुर, भुज, राधानेसदा, रायगढ़ और पुगलुर में आईसीटी सुविधा निर्माण।
वित्त वर्ष 21 की पहली छमाही के अंत में अपनी अनुषंगी कंपनियों के साथ पावरग्रिड की भौतिक संपत्तियों में शामिल हैं- 168,140 सीकेएम लम्बी  ट्रांसमिशन लाइनें, 252 सबस्टेशन और 419,800 एमवीए से अधिक की परिवर्तन क्षमता (ट्रांसफॉर्मेशन कैपेसिटी)।
नवीनतम तकनीकी उपकरणों और तकनीकों को अपनाने तथा स्वचालन और डिजिटल समाधानों के उपयोग में वृद्धि के साथ, पावरग्रिड ने वित्त वर्ष 21 की पहली छमाही के दौरान संचरण प्रणाली में 99.83 प्रतिशत की औसत उपलब्धता बनाए रखी।

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