उत्तर प्रदेश

विभिन्न बैंकों का सीडी रेशियो कम होने पर डीएम ने लगाई फटकार

सहारनपुर। जिलाधिकारी डॉ0 दिनेश चन्द्र की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय समीक्षा समिति एवं जिला सलाहकार समिति की बैठक आहूत की गई। डीएम ने जनपद के खराब ऋण जमा अनुपात (सीडी रेशियो) को बढ़ाने के लिए बैंक समन्वयकों को कड़ी फटकार लगाई। उन्होंने निर्देशित किया कि बैंक शासकीय योजनाओं में ऋण देने में दिलचस्पी दिखाएं। समीक्षा के दौरान बैंक ऑफ बड़ौदा, इंडियन बैंक, बैंक ऑफ इंडिया, एसबीआई, शिवालिक, आईडीबीआई, कोटक महिन्द्रा, उत्कर्ष स्माल बैंक समेत अन्य बैंक के जिला समन्वयकों की कार्यशैली के प्रति गहरी नाराजगी प्रकट की गई। डीएम ने कहा कि आंकड़े दर्शाते हैं कि बैंक ऋण नहीं दे रहे हैं, परिणामस्वरूप केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ शासन की मंशा के अनुरूप लाभार्थियों को नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि बैंकर्स की शिथिल कार्यप्रणाली एवं मनमानी से शासकीय योजनाओं में अवरोध उत्पन्न हुआ तो संबंधित के विरूद्ध कडी कार्यवाही की जाएगी। उन्होने कहा कि बैंक सीडी रेशियो बढ़ाएं या फिर कड़ी कार्रवाई के लिए तैयार रहें। उन्होने एलडीएम को निर्देशित किया कि वर्तमान वित्तीय वर्ष के अंत तक जनपद का सीडी रेशियों 70 प्रतिशत से अधिक करने के लिए हर संभव प्रयास किए जाएं।

जिलाधिकारी ने बताया कि भारत सरकार द्वारा शुरू होने वाली प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के अंतर्गत पारंपरिक शिल्पकारों व कारीगरों को सहायता प्रदान कर उनके व्यवसाय में बढोत्तरी कर उन्हें आर्थिक एवं सामाजिक रूप से सशक्त बनाया जाएगा। योजनान्तर्गत चयनित अभ्यर्थियों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण के बाद 500 रूपये प्रतिदिन प्रति प्रशिक्षार्थी को मानदेय दिया जाएगा। इसके बाद लाभार्थी को उन्नत किश्म के टूल्स खरीदने के लिए 15000 रूपये की धनराशि प्रदान की जाएगी। सभी पात्र कारीगरों के व्यवसाय को प्रोत्साहित करने के लिए 01 लाख रूपये का ऋण प्रदान किया जाएगा। निर्धारित समयसीमा में ऋण वापस करने वाले कारीगरों को 02 लाख का ऋण दिया जाएगा। डीएम ने सभी बैंकर्स को कडे निर्देश दिए कि इस योजना में किसी भी पात्र की ऋण संबंधी पत्रावली को अनावश्यक रूप से निरस्त करने या देरी से करने पर संबंधित के विरूद्ध दण्डात्मक कार्यवाही की जाएगी।

डॉ0 दिनेश चन्द्र ने कहा कि पीएम सुरक्षा बीमा योजना में अधिक से अधिक खाताधाकरों को जोडते हुए योजना का लाभ भी खाताधारक को बताएं। उन्होने स्वयं भी जनपदवासियों से अपील करते हुए कहा कि प्रत्येक खाताधारक प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना से जुडे। उन्होने बताया कि इस बीमा योजना का प्रीमीयम मात्र 20 रूपये प्रति वर्ष है जिसमें दुर्घटना होने पर 02 लाख रूपये तक की आर्थिक सहायता दी जाएगी। इस योजना के लाभ से अन्य किसी योजना में प्राप्त होने वाले लाभ पर कोई प्रभाव नहीं पडेगा। डीएम ने सभी बैंकर्स को चेतावनी देते हुए कहा कि पीएम स्वनिधि, समाज कल्याण, एनआरएलएम, एमएसएमई, ग्रामोद्योग, डूडा आदि विभागों से जुडी जनकल्याणकारी एवं रोजगार परक योजनाओं में पात्र को ऋण देने में लापरवाही बरती गयी तो संबंधित के विरूद्ध एफआईआर होगी।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी श्री विजय कुमार, आरबीआई प्रतिनिधि श्री मार्कण्डेय चतुर्वेदी, डीडीएम नाबार्ड श्री मनीष कुमार, एलडीएम श्री प्रवीण जमुआर, जिला पंचायत राज अधिकारी श्री आलोक कुमार शर्मा सहित सभी बैंकों के प्रतिनिधि एवं सबंधित विभागों के अधिकारीगण उपस्थित रहे।

 

 

 

 

 

Share This Post:-
Post Views: 23 Views

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *